
भोपाल एम्स के नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. शुएब ए. सिद्दीकी देंगे सेवाएं, जागरूकता की कमी से कई बच्चे समय पर नहीं पहुंच पाते इलाज तक

आजमगढ़। समय से पहले जन्म लेने वाले बच्चों में आंखों की कई गंभीर समस्याएं विकसित होने का खतरा अधिक रहता है। इनमें तिरछा देखना (भेंगापन), आंखों का टेढ़ा होना और रेटिना से जुड़ी जटिलताएं प्रमुख हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि जानकारी के अभाव में अधिकांश अभिभावक इसे सामान्य समस्या मानकर नजरअंदाज कर देते हैं, जबकि समय रहते इलाज कराया जाए तो अधिकांश बच्चों की दृष्टि और आंखों की स्थिति सामान्य की जा सकती है।
इसी आवश्यकता को देखते हुए सिधारी पुल के पास स्थित सरोज हॉस्पिटल में A.J.S. Eye Care Centre की शुरुआत की गई है। यहां भोपाल एम्स से जुड़े वरिष्ठ नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. शुएब ए. सिद्दीकी बच्चों सहित सभी आयु वर्ग के मरीजों को आधुनिक नेत्र चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराएंगे।
नेत्र केंद्र का उद्घाटन मुख्य अतिथि ने पंकज जायसवाल और डॉ. शुएब ए. सिद्दीकी की मौजूदगी में फीता काटकर किया। अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि केंद्र का उद्देश्य आजमगढ़ और आसपास के जिलों के लोगों को आधुनिक एवं गुणवत्तापूर्ण नेत्र चिकित्सा सेवाएं स्थानीय स्तर पर उपलब्ध कराना है, ताकि मरीजों को इलाज के लिए महानगरों की ओर न जाना पड़े।
डॉ. शुएब ए. सिद्दीकी ने बताया कि समय से पहले जन्म लेने वाले बच्चों की आंखों की नियमित जांच बेहद जरूरी होती है। यदि बच्चा तिरछा देखता है, उसकी आंखें टेढ़ी दिखाई देती हैं या देखने में किसी प्रकार की परेशानी महसूस होती है, तो बिना देर किए नेत्र विशेषज्ञ से परामर्श लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि समय पर जांच और उपचार से ऐसी समस्याओं का सफल इलाज संभव है और बच्चे सामान्य जीवन जी सकते हैं।
A.J.S. Eye Care Centre में मोतियाबिंद की जांच एवं ऑपरेशन, काला मोतिया की जांच और उपचार, बीपी एवं शुगर के मरीजों की रेटिना जांच, बच्चों की आंखों की विशेष जांच, आंखों की एलर्जी, नजर की कमजोरी, चश्मे से संबंधित परामर्श तथा आंखों और सिरदर्द से जुड़ी समस्याओं का भी आधुनिक तकनीक से उपचार किया जाएगा।
